क्या है पूरा मामला?
प्रदेश सरकार ने 04 जून 2026 को अंतरजनपदीय स्थानांतरण के लिए दिशा-निर्देश जारी किए थे। इसके बाद कई जिलों से यह प्रश्न उठाया गया कि यदि पति और पत्नी दोनों ही बेसिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में शिक्षक हैं, तो स्थानांतरण की प्रक्रिया किस प्रकार लागू होगी।
इसी संबंध में शासन ने 22 जून 2026 को नया स्पष्टीकरण जारी किया है।
शासन द्वारा जारी प्रमुख स्पष्टीकरण
नवीन निर्देश के अनुसार यदि पति और पत्नी दोनों बेसिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में कार्यरत शिक्षक हैं, तो—
• स्थानांतरण के लिए जिस शिक्षक अथवा शिक्षिका द्वारा आवेदन किया जाएगा, केवल उसी के आवेदन पर विचार किया जाएगा।
• दूसरे पति या पत्नी का स्थानांतरण स्वतः नहीं किया जाएगा।
• आवेदन न करने वाले शिक्षक/शिक्षिका का स्थानांतरण नहीं किया जाएगा।
• स्थानांतरण प्रक्रिया में जनपदवार पीटीआर (Pupil Teacher Ratio) संतुलन बनाए रखा जाएगा।
शिक्षकों के लिए इसका क्या अर्थ है?
यह आदेश उन दंपति शिक्षकों के लिए महत्वपूर्ण है जो एक ही समय में स्थानांतरण की उम्मीद कर रहे थे। शासन ने स्पष्ट कर दिया है कि स्थानांतरण का लाभ केवल उसी व्यक्ति को मिलेगा जो निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन करेगा।
इससे स्थानांतरण प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी तथा जनपदों में शिक्षक-छात्र अनुपात को संतुलित रखने में सहायता मिलेगी।
अधिकारियों को दिए गए निर्देश
शासन ने महानिदेशक स्कूल शिक्षा, निदेशक बेसिक शिक्षा तथा सचिव बेसिक शिक्षा परिषद को निर्देशित किया है कि आदेश का अनुपालन सुनिश्चित करते हुए आवश्यक कार्रवाई शीघ्र पूरी की जाए।
निष्कर्ष
अंतरजनपदीय स्थानांतरण 2026 के लिए जारी इस स्पष्टीकरण से यह स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो गई है कि पति-पत्नी दोनों शिक्षक होने पर केवल आवेदन करने वाले शिक्षक/शिक्षिका के स्थानांतरण प्रस्ताव पर ही विचार किया जाएगा। ऐसे में इच्छुक शिक्षक समय रहते निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवेदन करना सुनिश्चित करें।
Disclaimer
यह लेख सरकारी आदेश में उपलब्ध सार्वजनिक जानकारी के आधार पर तैयार किया गया है। अभ्यर्थी किसी भी अंतिम निर्णय से पूर्व संबंधित विभाग द्वारा जारी मूल शासनादेश/आदेश का अवलोकन अवश्य करें।